बरेली के लाल फाटक स्थित कांधरपुर मोड़ पर बरसात से पहले नाले की सफाई तो करा दी गई, लेकिन स्थानीय लोगों का कहना है कि असली समस्या आज भी जस की तस बनी हुई है। क्षेत्र में स्थित खुला नाला लगातार हादसों का कारण बन रहा है और लोगों की जान पर खतरा मंडरा रहा है।
स्थानीय नागरिकों के अनुसार, इस नाले में कई बार वाहन चालक, राहगीर और बच्चे गिर चुके हैं। बरसात के दौरान पानी भर जाने से नाले की गहराई का अंदाजा लगाना मुश्किल हो जाता है, जिससे दुर्घटना का खतरा कई गुना बढ़ जाता है। इसके बावजूद नाले पर न तो पर्याप्त सुरक्षा रेलिंग लगाई गई है और न ही कोई ठोस सुरक्षा व्यवस्था की गई है।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि प्रशासन को इस समस्या की पूरी जानकारी है, लेकिन अब तक केवल सफाई तक ही कार्रवाई सीमित रही है। लोगों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि समय रहते नाले को ढकने या सुरक्षा इंतजाम करने की दिशा में कदम नहीं उठाए गए, तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है।
लोगों का सवाल है कि क्या प्रशासन किसी मासूम की जान जाने या बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है? बरसात का मौसम शुरू होने से पहले इस खतरनाक नाले की सुरक्षा सुनिश्चित करना बेहद जरूरी हो गया है, ताकि आने वाले दिनों में किसी अनहोनी से बचा जा सके


