3.15 लाख करोड़ का गन्ना भुगतान, योगी सरकार ने रचा नया इतिहास

12 Views

3.15 लाख करोड़ का गन्ना भुगतान, योगी सरकार ने रचा नया इतिहास


48 लाख किसानों के खाते में पहुँची रिकॉर्ड रकम, गन्ना मूल्य में 30 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी


लखनऊ, 12 मार्च। प्रदेश में गन्ना किसानों के लिए राहत भरी बड़ी खबर है। राज्य सरकार ने गन्ना किसानों को अब तक 3,15,753 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड गन्ना मूल्य भुगतान कर नया इतिहास रच दिया है। इस ऐतिहासिक भुगतान से प्रदेश के करीब 48 लाख गन्ना किसानों को सीधा लाभ मिला है और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूत आधार मिला है।

गन्ना आयुक्त श्रीमती मिनिस्ती एस. ने बताया कि सरकार की सख्त निगरानी और लगातार समीक्षा के चलते चीनी मिलों द्वारा गन्ना मूल्य भुगतान की प्रक्रिया में तेजी आई है। वर्तमान पेराई सत्र में अधिकांश चीनी मिलों द्वारा किसानों को समय से भुगतान किया जा रहा है, जिससे किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है।
उन्होंने बताया कि गन्ना भुगतान प्रणाली को पारदर्शी और आसान बनाने के लिए डिजिटल मॉनिटरिंग व्यवस्था लागू की गई है। किसानों को गन्ना पर्ची, सर्वे और भुगतान से जुड़ी सभी जानकारी एसएमएस और विभागीय पोर्टल के माध्यम से उपलब्ध कराई जा रही है।

गन्ना आयुक्त के अनुसार वर्ष 2017 से अब तक प्रदेश सरकार द्वारा गन्ना किसानों को सबसे बड़ी धनराशि का भुगतान कराया गया है, जो एक नया रिकॉर्ड है।

सरकार ने पेराई सत्र 2025-26 के लिए गन्ना मूल्य में 30 रुपये प्रति क्विंटल की ऐतिहासिक वृद्धि की है। इसके तहत
अगैती प्रजाति के लिए 400 रुपये प्रति क्विंटल
सामान्य प्रजाति के लिए 390 रुपये प्रति क्विंटल
की दर तय की गई है। इस फैसले से गन्ना किसानों को करीब 3,000 करोड़ रुपये का अतिरिक्त लाभ मिलेगा।
गन्ना खेती को और अधिक वैज्ञानिक व लाभकारी बनाने के लिए एनएसआई कानपुर और गन्ना शोध परिषद के साथ हाल ही में समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। इससे 12 हजार क्विंटल अभिजनक बीज की उपलब्धता बढ़ेगी और खासकर मध्य व पूर्वी उत्तर प्रदेश के किसानों को इसका लाभ मिलेगा।

इसके अलावा उ.प्र. गन्ना शोध परिषद और बलरामपुर चीनी मिल की हैदरगढ़ इकाई के बीच भी समझौता हुआ है, जिसके तहत टिश्यू कल्चर तकनीक से रोगमुक्त और उन्नत गन्ना पौध तैयार की जाएगी। इससे नई किस्मों के बीज की उपलब्धता बढ़ेगी और कम समय में अधिक क्षेत्रफल पर गन्ना उत्पादन संभव होगा।
सरकार का मानना है कि गन्ना क्षेत्र में हो रहे इन सुधारों से प्रदेश की ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और उत्तर प्रदेश को 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने के लक्ष्य में भी गन्ना क्षेत्र अहम भूमिका निभाएगा।

Share News