
बरेली में 26 सितंबर को हुए उपद्रव प्रकरण में पुलिस ने आरोपी नदीम खान को शनिवार को चार घंटे की कस्टडी रिमांड पर लिया। पुलिस को नदीम के घर से वह फर्जी पत्र बरामद हो गया है, जिसके जरिए कथित रूप से लोगों में भ्रम फैलाया गया था।
IMC लेटरहेड पर फर्जी हस्ताक्षर का आरोप
पुलिस के मुताबिक, बवाल से पहले नदीम ने मौलाना तौकीर रजा की पार्टी इंडियन मुस्लिम एकता काउंसिल (IMC) के लेटरहेड पर कूटरचित पत्र तैयार किया था। पत्र पर संगठन के पदाधिकारी लियाकत अली के नकली हस्ताक्षर किए गए और इसे लोगों तक बांटा गया। बाद में यह पत्र व्हाट्सऐप पर प्रसारित किया गया।
पत्र में लिखा था कि मौलाना तौकीर रजा ने अपना आह्वान वापस ले लिया है। पुलिस का कहना है कि इस भ्रामक सूचना की वजह से गलतफहमी फैली और बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ जुटकर शहर में उपद्रव हुआ।
लियाकत अली ने दर्ज कराया मुकदमा
IMC पदाधिकारी लियाकत ने कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी। आरोप लगाया गया कि नदीम, डॉ. नफीस और अन्य सहयोगियों ने फर्जी पत्र तैयार कर साजिशन प्रसारित किया।
चार घंटे की कस्टडी रिमांड
जांच अधिकारी ने पत्र की बरामदगी के लिए कोर्ट में रिमांड मांगी, जिस पर अदालत ने चार घंटे के लिए पुलिस कस्टडी रिमांड मंजूर की।
पुलिस ने नदीम को जेल से निकालकर कस्टडी में लिया और उसके घर जाकर पत्र बरामद किया।
12 मुकदमे दर्ज, जांच जारी
एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि 26 सितंबर की घटना को लेकर विभिन्न थानों में अब तक कुल 12 मुकदमे दर्ज हुए हैं। संबंधित आरोपी से पूछताछ जारी है और आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।

More Stories
हाफिजगंज पुलिस ने दो युवकों को अवैध तमंचा व कारतूस सहित किया गिरफ्तार
बरेली: तीन बदमाश जिला बदर, 24 घंटे में छोड़ना होगा जिला
भोजीपुरा पुलिस ने शकील को छह माह के लिए जिला बदर